कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: मुरली श्रीशंकर ने फिर जीता सिल्वर, भारत के पदकों की संख्या पहुंची 15

स्कॉटलैंड के ग्लासगो में जारी कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। प्रतियोगिता के सातवें दिन भी भारत ने कई पदक अपने नाम किए। स्टार लॉन्ग जंपर मुरली श्रीशंकर ने पुरुषों की लंबी कूद स्पर्धा में 8.09 मीटर की छलांग लगाकर सिल्वर मेडल जीता और लगातार दूसरी बार कॉमनवेल्थ गेम्स में रजत पदक हासिल करने का कारनामा किया।
27 वर्षीय मुरली श्रीशंकर अब कॉमनवेल्थ गेम्स में लगातार दो पदक जीतने वाले पहले भारतीय लॉन्ग जंपर बन गए हैं। इससे पहले उन्होंने 2022 बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स में भी सिल्वर मेडल जीता था। इस स्पर्धा में जमैका के ताजे गेल ने 8.15 मीटर की छलांग लगाकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया, जबकि मेजबान स्कॉटलैंड के स्टीफन मैकेंजी ने 8.08 मीटर के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता। भारत के एक अन्य खिलाड़ी लोकेश सत्यनाथन 7.97 मीटर की छलांग के साथ पांचवें स्थान पर रहे।
सिल्वर मेडल जीतने के बाद मुरली श्रीशंकर ने कहा कि उनका लक्ष्य हमेशा गोल्ड मेडल जीतना रहता है। उन्होंने कहा कि सिल्वर जीतकर खुशी तो है, लेकिन वे पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं क्योंकि वे अपने देश के लिए गोल्ड जीतना चाहते थे। उन्होंने यह भी कहा कि पिछले दो वर्षों में कई कठिन परिस्थितियों का सामना करने के बावजूद देश का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए गर्व की बात है।
एथलेटिक्स के अलावा पैरा-एथलेटिक्स में भी भारत ने शानदार प्रदर्शन किया। पुरुषों की 100 मीटर T47 स्पर्धा में भारतीय खिलाड़ियों ने गोल्ड और सिल्वर दोनों पदक अपने नाम किए। वहीं, भारतीय मुक्केबाजों ने भी बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए कम से कम 10 पदक पक्के कर लिए हैं, जो कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत का अब तक का सर्वश्रेष्ठ मुक्केबाजी प्रदर्शन है। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत के कुल पदकों की संख्या अब 15 हो गई है। इनमें 3 गोल्ड, 9 सिल्वर और 3 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं। मौजूदा पदक तालिका में भारत आठवें स्थान पर बना हुआ है।







