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अबुआ आवास योजना में तेजी लाने के निर्देश, पंचायतों को सशक्त बनाने पर जोर: हेमंत सोरेन

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य में ग्रामीण विकास योजनाओं के प्रभावी और पारदर्शी क्रियान्वयन पर जोर देते हुए अबुआ आवास योजना के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। बुधवार को झारखंड मंत्रालय में आयोजित ग्रामीण विकास विभाग की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए पंचायतों को मजबूत बनाने पर विशेष ध्यान देने को कहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायतें राज्य के विकास की पहली कड़ी हैं और ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाए।

महिला स्वयं सहायता समूहों को मजबूत करने पर जोर

बैठक में मुख्यमंत्री ने झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) को महिला स्वयं सहायता समूहों यानी सखी मंडलों की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महिलाओं की भागीदारी बेहद महत्वपूर्ण है। हेमंत सोरेन ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को खेती के साथ-साथ सोलर पावर उत्पादन जैसे क्षेत्रों में भी प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए व्यापक सहयोग दिया जाए, ताकि वे नए और प्रेरणादायक कार्य कर सकें। अधिकारियों ने बैठक में जानकारी दी कि JSLPS के तहत 5 हजार नए सखी मंडलों के गठन की प्रक्रिया चल रही है और लगभग 60 हजार परिवारों को इससे जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।

बिरसा हरित ग्राम योजना पर विशेष फोकस

मुख्यमंत्री ने मनरेगा के तहत संचालित बिरसा हरित ग्राम योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रही है। उन्होंने किसानों को बागवानी कार्यों के लिए प्रेरित करने और अधिक से अधिक ग्रामीणों तक योजना का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने बताया कि इस योजना में महिला लाभार्थियों की संख्या लगातार बढ़ रही है और वर्तमान में राज्य में करीब डेढ़ लाख एकड़ भूमि पर कार्य चल रहा है। मुख्यमंत्री ने योजना का जिलावार डाटा बेस तैयार करने के भी निर्देश दिए।

पंचायत स्तर पर पारदर्शिता और जागरूकता पर बल

पंचायती राज विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने पंचायत स्तर पर पारदर्शिता बढ़ाने और सामाजिक जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पंचायतों के माध्यम से बाल विवाह रोकथाम, महिला हिंसा के खिलाफ जागरूकता और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी लोगों तक पहुंचाई जाए। इसके साथ ही पंचायत भवनों में ठोस कचरा प्रबंधन (सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट) की कार्य योजना तैयार करने और सूखे एवं गीले कचरे को अलग-अलग रखने के लिए लोगों को जागरूक करने पर भी जोर दिया गया।

ग्रामीण सड़कों के निर्माण में तेजी लाने के निर्देश

ग्रामीण कार्य विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीण सड़कों के निर्माण और मरम्मत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा और कहा कि बेहतर सड़क संपर्क से ग्रामीण क्षेत्रों के विकास और आर्थिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने ऑनलाइन माध्यम से बरहेट पंचायत सचिवालय में चल रहे कार्यों की जानकारी ली और वहां मौजूद महिला लाभुकों से बातचीत कर उनका उत्साहवर्धन भी किया।

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