अमेरिका-ईरान शांति समझौते का असर: शेयर बाजार में जबरदस्त उछाल, सेंसेक्स 1100 अंक से ज्यादा चढ़ा

अमेरिका और ईरान के बीच हुए ऐतिहासिक शांति समझौते के बाद वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता कम होती दिखाई दे रही है। इसका सकारात्मक असर भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिला, जहां सप्ताह के पहले कारोबारी दिन निवेशकों ने जोरदार खरीदारी की। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी दोनों मजबूत बढ़त के साथ खुले। सेंसेक्स सोमवार को 1,126.36 अंक यानी 1.49 प्रतिशत की तेजी के साथ 76,654.31 के स्तर पर खुला। वहीं, निफ्टी 339.25 अंक यानी 1.44 प्रतिशत चढ़कर 23,962.15 के स्तर पर पहुंच गया। शुरुआती कारोबार के दौरान निफ्टी ने 24,000 के महत्वपूर्ण स्तर को भी छू लिया, जिससे निवेशकों का उत्साह और बढ़ गया।
बाजार में खरीदारी का रहा दबदबा
शुरुआती कारोबार में बाजार का रुख पूरी तरह सकारात्मक रहा। करीब 557 शेयर बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए, जबकि केवल 65 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। वहीं 40 शेयरों में कोई विशेष बदलाव नहीं देखा गया। यह संकेत देता है कि निवेशकों का भरोसा मजबूत बना हुआ है।
इन सेक्टरों और शेयरों में दिखी सबसे ज्यादा तेजी
फाइनेंशियल, एविएशन और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर के शेयरों में सबसे अधिक खरीदारी देखने को मिली। निफ्टी पर सबसे ज्यादा बढ़त दर्ज करने वाले शेयरों में श्रीराम फाइनेंस, इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो), बजाज फाइनेंस, लार्सन एंड टुब्रो (एलएंडटी) और टीएमपीवी शामिल रहे। दूसरी ओर, ओएनजीसी, सिप्ला और अपोलो हॉस्पिटल्स के शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान कुछ कमजोरी देखने को मिली।
बैंकिंग शेयरों ने संभाली बाजार की कमान
बाजार की तेजी में बैंकिंग शेयरों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। बजाज फाइनेंस, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक के शेयरों में 1 से 3 प्रतिशत तक की मजबूती दर्ज की गई। इसके अलावा रिलायंस इंडस्ट्रीज और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) जैसे दिग्गज शेयर भी हरे निशान में कारोबार करते दिखाई दिए।
डॉलर के मुकाबले मजबूत हुआ रुपया
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सकारात्मक माहौल का असर भारतीय मुद्रा पर भी पड़ा। सोमवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मजबूत हुआ और 52 पैसे की बढ़त के साथ 94.57 रुपये प्रति डॉलर के स्तर पर पहुंच गया। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक स्तर पर तनाव कम होने और निवेशकों के भरोसे में बढ़ोतरी के चलते भारतीय बाजार में निकट भविष्य में भी सकारात्मक रुख देखने को मिल सकता है।







