चमोली टनल हादसा: 7 की मौत, 3 अब भी लापता, CM धामी ने अंदर जाकर लिया रेस्क्यू का जायजा

चमोली: उत्तराखंड के चमोली जिले के मायापुर (पीपलकोटी) में टीएचडीसी की निर्माणाधीन टनल में मलबा और पानी भरने से बड़ा हादसा हो गया। हादसे में अब तक 7 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि टनल में फंसे 22 लोगों में से 19 को बाहर निकाला जा चुका है। 3 लोगों की तलाश अभी जारी है। हादसे की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शुक्रवार को घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने टनल के अंदर जाकर राहत और बचाव अभियान का जायजा लिया और अधिकारियों व रेस्क्यू टीमों से स्थिति की जानकारी ली।
3 किलोमीटर लंबी टनल में घुसा मलबा-पानी
यह टनल टीएचडीसी की विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना के तहत बनाई जा रही है। इसकी लंबाई करीब 3 किलोमीटर है। अधिकारियों के मुताबिक, टनल के करीब 1.50 किलोमीटर हिस्से में भूधंसाव के बाद अचानक मलबा और पानी भर गया, जिससे अंदर काम कर रहे लोग फंस गए। घटना के बाद एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आईटीबीपी और पुलिस समेत विभिन्न एजेंसियों की टीमें रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी हुई हैं। भारी मलबे और पानी के कारण बचाव अभियान में चुनौतियां बनी हुई हैं।
सीएम धामी ने दिए रेस्क्यू तेज करने के निर्देश
मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि फंसे हुए तीनों लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना सर्वोच्च प्राथमिकता हो। उन्होंने सभी उपलब्ध संसाधनों और तकनीकी विशेषज्ञता का इस्तेमाल करने के साथ बचाव एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने को कहा। जिलाधिकारी गौरव कुमार ने मुख्यमंत्री को अब तक हुए रेस्क्यू अभियान की जानकारी दी। प्रशासन के मुताबिक, टनल से बाहर निकाले गए घायलों को जिला अस्पताल गोपेश्वर में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज और स्वास्थ्य की निगरानी की जा रही है।
3 लोगों की तलाश में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
रेस्क्यू टीमों का पूरा फोकस अब टनल में फंसे तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने पर है। पानी और मलबे के बीच बचावकर्मी लगातार अभियान चला रहे हैं। हादसे में 7 लोगों की मौत के बाद प्रशासन के सामने अब बाकी लोगों को सुरक्षित निकालने की बड़ी चुनौती है।







