नागपुर में 17 वर्षीय महिला क्रिकेटर ने की आत्महत्या, अंडर-19 टीम में चयन न होने से थी तनाव में

नागपुर: महाराष्ट्र के नागपुर से एक दुखद घटना सामने आई है। 17 वर्षीय उभरती महिला क्रिकेटर ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वह अंडर-19 टीम के चयन में जगह नहीं मिलने के कारण मानसिक तनाव में थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
अंडर-19 टीम में चयन न होने से थी परेशान
पुलिस के अनुसार, घटना बजाज नगर थाना क्षेत्र के लक्ष्मी नगर स्थित एक अपार्टमेंट की है। युवती अपने फ्लैट में फंदे से लटकी मिली। मौके से बरामद सुसाइड नोट से संकेत मिलता है कि विदर्भ अंडर-19 टीम के चयन में नाम नहीं आने के कारण वह काफी निराश थी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फिलहाल मामले की विस्तृत जांच जारी है।
क्रिकेट में करियर बनाने का था सपना
पुलिस के मुताबिक, मृतका मूल रूप से अकोला की रहने वाली थी और पिछले दो वर्षों से अपनी मां के साथ नागपुर में रहकर एक क्रिकेट अकादमी में प्रशिक्षण ले रही थी। उसने हाल ही में 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की थी और पेशेवर क्रिकेटर बनने का सपना देख रही थी। उसके पिता मोरेश्वर सिविल कॉन्ट्रैक्टर हैं, जबकि मां वैशाली गृहिणी हैं। उसका भाई प्रबल भी क्रिकेटर है और बीसीए की अंडर-23 टीम का हिस्सा है। दोनों बच्चों के क्रिकेट करियर को आगे बढ़ाने के लिए परिवार ने उन्हें नागपुर भेजा था।
सुसाइड नोट में भाई के नाम संदेश
जांच के दौरान पुलिस को एक सुसाइड नोट भी मिला है। इसमें युवती ने अपने भाई के नाम लिखा, “तू अच्छा क्रिकेट खेल, माता-पिता का नाम रोशन कर। पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर लिया है और आत्महत्या के कारणों की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है।यदि आप या आपका कोई परिचित आत्महत्या के विचारों या गहरे मानसिक तनाव से जूझ रहा है, तो किसी विश्वसनीय परिजन, मित्र या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से तुरंत बात करना महत्वपूर्ण है। समय पर सहायता मिलना जीवन बचा सकता है।







