चमोली टनल हादसा: 7 मजदूरों की मौत, 19 को सुरक्षित निकाला गया, 3 की तलाश जारी

उत्तराखंड के चमोली जिले में गुरुवार (13 अगस्त) शाम एक बड़ा हादसा हो गया। पीपलकोटी (मायापुर) स्थित टीएचडीसी की निर्माणाधीन विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की टेल रेस टनल (TRT) में अचानक भूस्खलन हो गया। शाम करीब 7 बजे टनल के लगभग 1600 मीटर हिस्से में भारी मात्रा में मलबा और पानी भर जाने से अंदर काम कर रहे मजदूर फंस गए। हादसे के समय टनल में 22 मजदूर मौजूद थे। घटना के बाद तुरंत NDRF, SDRF, स्थानीय पुलिस और CISF की टीमों ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। रातभर चले रेस्क्यू ऑपरेशन में अब तक 19 मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि 3 मजदूरों की तलाश जारी है।
7 मजदूरों की मौत की पुष्टि
प्रशासन के अनुसार, हादसे में अब तक 7 मजदूरों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। वहीं, राहत कार्य में शामिल 6 बचावकर्मी भी सुरक्षित हैं। रेस्क्यू किए गए घायलों को जिला चिकित्सालय गोपेश्वर में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। NDRF के टीम कमांडर अमृत लाल मीणा ने बताया कि सुरंग के भीतर भारी मात्रा में पानी भरा हुआ है और लगातार रिसाव हो रहा है। विशेष सुरक्षा उपकरणों की मदद से जवान पानी के भीतर जाकर फंसे मजदूरों को बाहर निकाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि जब तक सभी मजदूरों को बाहर नहीं निकाल लिया जाता, तब तक रेस्क्यू अभियान जारी रहेगा।
3 किलोमीटर लंबी टनल में हुआ हादसा
करीब 3 किलोमीटर लंबी इस टनल के लगभग 1.5 किलोमीटर हिस्से में भूधंसाव के कारण मलबा और पानी भर गया। चमोली के जिलाधिकारी गौरव कुमार मौके पर मौजूद रहकर राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री धामी ने दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए जिला प्रशासन, NDRF, SDRF और अन्य एजेंसियों को आपसी समन्वय के साथ युद्धस्तर पर राहत एवं बचाव अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि फंसे हुए प्रत्येक मजदूर को सुरक्षित बाहर निकालना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। घटना के मद्देनज़र राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (SEOC), देहरादून ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं। राहत एवं बचाव अभियान और प्रभावित लोगों से जुड़ी जानकारी के लिए 1070, 0135-2710334 और 82188 67005 पर संपर्क किया जा सकता है।



