संयुक्त राष्ट्र रिपोर्ट में पाकिस्तान में सक्रिय जैश-ए-मोहम्मद का दिल्ली लाल किले ब्लास्ट से संबंध उजागर

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की 1267 प्रतिबंध समिति की हालिया रिपोर्ट में पाकिस्तान में सक्रिय आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) का नाम दिल्ली लाल किले धमाके से जोड़ा गया है। रिपोर्ट में संगठन के सरगना मसूद अजहर की नई महिला-केवल विंग ‘जमात-उल-मुमिनात’ का भी जिक्र किया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार, जैश-ए-मोहम्मद ने कई आतंकी हमलों की जिम्मेदारी ली है और नवंबर 2025 में दिल्ली के लाल किले में हुए धमाके में भी इसका संबंध पाया गया। 10 नवंबर 2025 को हुए इस हमले में कम से कम 15 लोगों की मौत हुई और 20 से अधिक लोग घायल हुए थे।
मसूद अजहर ने 8 अक्टूबर 2025 को जमात-उल-मुमिनात नामक महिला विंग की घोषणा की थी, जिसका उद्देश्य भर्ती, प्रचार और लॉजिस्टिक सहायता के माध्यम से आतंकी गतिविधियों को मजबूत करना है। हालांकि यह विंग अभी तक यूएन की प्रतिबंध सूची में शामिल नहीं है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि 28 जुलाई 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए हमले में शामिल तीन संदिग्ध आतंकी मारे गए थे।
पाकिस्तान ने रिपोर्ट में जैश को शामिल करने पर आपत्ति जताई और दावा किया कि संगठन निष्क्रिय हो चुका है। लेकिन यूएन रिपोर्ट में जैश की सक्रियता और नए हमलों में उसकी भूमिका दर्ज की गई है। यह भारत के लिए कूटनीतिक जीत मानी जा रही है, क्योंकि पाकिस्तान की धरती का इस्तेमाल भारत विरोधी आतंकवाद के लिए किया जाता है। 1267 समिति की यह रिपोर्ट वैश्विक आतंकवाद और संगठनों पर प्रतिबंध लगाने के दृष्टिकोण से भी अहम मानी जा रही है।







