नाशिक: खुद को बाबा और अंक ज्योतिषी बताने वाले अशोक खरात की काली दुनिया खुली, FIR में दर्ज कई भयानक आरोप

नाशिक में खुद को बड़ा अंक ज्योतिषी और ‘कैप्टन’ नाम से जाने जाने वाले अशोक खरात की काली दुनिया के पन्ने धीरे-धीरे खुलते जा रहे हैं। दुष्कर्म और शोषण के कई मामलों में घिरे अशोक खरात के खिलाफ कई FIR दर्ज की जा चुकी हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए गठित SIT हर दिन नए खुलासे कर रही है। अब इस जांच में महाराष्ट्र का वन विभाग भी शामिल हो गया है।
वन्यजीवों के अंगों से तंत्र-मंत्र का शक
जांच के दौरान अशोक खरात के फार्म हाउस और घर से कई प्रतिबंधित पक्षियों और जानवरों की खाल व नाखून बरामद हुए हैं। वन विभाग यह पता लगा रहा है कि क्या इन जानवरों का शिकार खुद बाबा ने करवाया था। सूत्रों के अनुसार, वह अपने भक्तों को कस्तूरी हिरण का इत्र देता था और इसके लिए इगतपुरी इलाके में हिरण का शिकार किया गया। नाशिक के सिन्नर के मिरगांव मंदिर में खरात ‘अघोरी विद्या’ के नाम पर जानवरों की बलि देता था। पुलिस अब इस मामले में ‘नरबलि’ के एंगल से भी तफ्तीश कर रही है।
शोषण का डरावना पैटर्न
पुलिस जांच में खरात का शोषण करने का एक तय पैटर्न सामने आया है। वह महिलाओं को तंत्र-मंत्र और दैवीय शक्तियों का डर दिखाकर जाल में फंसाता था।
एक FIR में 7 महीने की गर्भवती महिला को सुरक्षित प्रसव का झांसा देकर अंधेरे में दुष्कर्म करने का आरोप है।
एक अन्य केस में शादी का झांसा देकर महिला को गर्भ ठहरने पर जबरन गर्भपात कराया गया।
धमकी वाले मामले में 28 साल की महिला को उसके पति के साथ रिश्तों को लेकर ब्लैकमेल कर दो साल तक शोषण किया गया।
FIR में यह भी उल्लेख है कि मंदिर में नकली सांप-बाघ दिखाकर लोगों को डराया गया और उनसे पैसे ऐंठे गए। अन्य FIR में अक्टूबर 2024 की घटना का जिक्र है, जिसमें महिला और उसके पति को ऑफिस बुलाकर अकेले में महिला के साथ अनुचित हरकतें की गईं।
अप्रैल 2022 से दिसंबर 2024 तक की घटनाओं में भी आरोप हैं कि बेटा होने और पारिवारिक समस्याओं के समाधान के नाम पर तांबे के बर्तन से पानी पिलाया गया और धीरे-धीरे विश्वास बनाकर शारीरिक शोषण किया गया। पीड़िता को कहा गया कि ‘मेरे साथ संबंध बनाकर तुम पवित्र हो जाओगी’।
FIR में सबसे लंबे समय तक 2014 से 2024 तक की घटनाओं का जिक्र है। इसमें आरोप है कि अशोक खरात ने फोन पर खुद को ‘भगवान शिव का अवतार’ बताया और मना करने पर बच्चों के भविष्य को बर्बाद करने की धमकी दी। जादू-टोना विरोधी कानून के तहत भी मामले दर्ज हैं।
गणित में फेल, लेकिन खुद को अंक ज्योतिषी बताता था
अशोक खरात की स्कूल मार्कशीट से उसके ज्ञान के दावों की पोल खुल गई। असली नाम लक्ष्मण खरात होने के साथ वह 10वीं क्लास में गणित में फेल हो चुका था। इसके बावजूद वह खुद को ‘न्यूमेरोलॉजी’ का विशेषज्ञ बताकर लोगों को ठगता रहा। अशोक खरात फिलहाल पुलिस की गिरफ्त में है और प्रशासन उसके पूरे नेटवर्क की जांच कर रहा है। नाशिक पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अगर कोई और इसका शिकार हुआ है, तो निडर होकर सामने आए।







