कांशीराम जयंती पर मायावती का नमन, सपा और कांग्रेस पर साधा निशाना

बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) के संस्थापक कांशीराम की जयंती के अवसर पर बीएसपी प्रमुख और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कांशीराम के योगदान को याद करते हुए सपा और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला।
मायावती ने अपने संदेश में लिखा कि कांशीराम ने परमपूज्य बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव आंबेडकर की आत्मसम्मान और मानवतावादी सोच को आगे बढ़ाते हुए करोड़ों दलित, शोषित, पीड़ित, उपेक्षित और तिरस्कृत बहुजन समाज को संगठित किया। उन्होंने कहा कि कांशीराम ने बहुजन समाज को चुनावी सफलता दिलाकर उन्हें शासक वर्ग बनाने का ऐतिहासिक काम किया।
उन्होंने आरोप लगाया कि आज संकीर्ण राजनीतिक उद्देश्यों और चुनावी स्वार्थ के कारण विरोधी दल भी कांशीराम को याद करने का दिखावा कर रहे हैं। खासकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए मायावती ने कहा कि इन पार्टियों में कांशीराम को याद करना एक नया अवसरवादी फैशन बन गया है।
मायावती ने आगे कहा कि जातिवादी द्वेष और संकीर्ण सोच की राजनीति आज भी जारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि बहुजन समाज के लिए आरक्षण की संवैधानिक व्यवस्था को कमजोर और निष्प्रभावी बनाने की कोशिशें की जा रही हैं, जिससे शोषणकारी व्यवस्था को और मजबूती मिल रही है। उन्होंने इसे चिंताजनक बताते हुए कहा कि ऐसे हथकंडों और षड्यंत्रों के बीच बहुजन समाज इन अवसरवादी नेताओं पर भरोसा कैसे कर सकता है।
अपने संदेश के अंत में मायावती ने बहुजन समाज से अपील की कि वे सभी की बातें सुनें, लेकिन अपनी एकता और अपने वोट की ताकत को किसी भी हाल में वोट के सौदागरों के हाथों में न जाने दें। उन्होंने कहा कि यही बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव आंबेडकर और कांशीराम के जीवन संघर्ष के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।







