नई दिल्ली में एआई का महाकुंभ 1 दिन बढ़ा: अब 21 फरवरी तक चलेगा AI इम्पैक्ट समिट, रोज 10 से रात 8 बजे तक एंट्री

नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट 2026 को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। भारी भीड़ और रिकॉर्ड रजिस्ट्रेशन को देखते हुए केंद्र सरकार ने समिट की अवधि एक दिन बढ़ाने का फैसला लिया है। अब यह आयोजन 20 फरवरी की जगह 21 फरवरी तक चलेगा। आईटी सचिव एस. कृष्णन ने बुधवार को इसकी औपचारिक घोषणा की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में इस वैश्विक समिट का उद्घाटन किया था। उद्घाटन के बाद से ही देश-विदेश के प्रतिभागियों, छात्रों और रिसर्चर्स की बड़ी संख्या यहां पहुंच रही है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव के मुताबिक, 3 लाख से अधिक छात्रों और शोधकर्ताओं ने समिट के लिए रजिस्ट्रेशन कराया है। पहले यह एक्सपो 16 से 20 फरवरी तक निर्धारित था, लेकिन अब प्रदर्शनी 21 फरवरी तक खुली रहेगी।
भारी भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए विजिटिंग टाइम भी बढ़ा दिया गया है। अब समिट सुबह 10 बजे से रात 8 बजे तक खुला रहेगा, जबकि पहले यह शाम 6 बजे तक ही सीमित था। आयोजकों का कहना है कि बढ़े हुए समय से विजिटर्स को पवेलियन, स्टॉल और प्रदर्शनियां देखने में सुविधा होगी। डेलीगेट्स के लिए बुधवार और गुरुवार को सीमित एंट्री की व्यवस्था रहेगी।
सुरक्षा कारणों से 19 फरवरी को आम लोगों की एंट्री बंद रहेगी। हाई-लेवल सिक्योरिटी प्रोटोकॉल और विशेष कार्यक्रमों के चलते गुरुवार को एक्सपो आम दर्शकों के लिए बंद रहेगा। सभी प्रतिभागियों को शाम 4:30 बजे तक कन्वेंशन एरिया खाली करना होगा, क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अंतरराष्ट्रीय मेहमानों और कॉर्पोरेट लीडर्स के लिए प्राइवेट डिनर होस्ट करेंगे। इस दिन वे राज्य अतिथियों और वैश्विक बिजनेस लीडर्स के साथ विशेष बैठकों में भी शामिल होंगे।
डिजिटल इंडिया के एमडी और सीईओ अखिल कुमार ने बताया कि एंट्री और एग्जिट को सुगम बनाने के लिए नई व्यवस्था लागू की गई है। गेट नंबर 4 मुख्य एग्जिट और ड्रॉप-ऑफ पॉइंट के रूप में काम करेगा। मेट्रो से आने वाले आगंतुकों के लिए गेट नंबर 10 सुबह 8 बजे से शाम 4:30 बजे तक निर्धारित एंट्री पॉइंट रहेगा। इसके बाद डेलीगेट्स को मुख्य कन्वेंशन हॉल खाली होने पर एक्सपो एरिया की ओर जाने की अनुमति दी जाएगी।
20 और 21 फरवरी को एक्सपो फिर से आम लोगों के लिए खुला रहेगा। समिट में 300 से अधिक प्रदर्शक, 30 से ज्यादा देशों की भागीदारी और 100 से अधिक थीमेटिक पवेलियन शामिल हैं। यहां एआई के सामाजिक, आर्थिक और नैतिक प्रभावों पर व्यापक चर्चा हो रही है। ग्लोबल साउथ में आयोजित यह पहला बड़ा एआई सम्मेलन माना जा रहा है, जिसने दिल्ली को एआई इनोवेशन के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित किया है।





