Main Slideराजनीति

दिल्ली विधानसभा का शीतकालीन सत्र शुरू, प्रदूषण और तीन कैग रिपोर्टों पर तीखी बहस के आसार

दिल्ली विधानसभा का चार दिवसीय शीतकालीन सत्र आज से शुरू हो गया है। सत्र की शुरुआत उपराज्यपाल के अभिभाषण से हुई। इस दौरान वायु प्रदूषण और सरकार द्वारा पेश की जाने वाली तीन कैग रिपोर्टों को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस होने की संभावना जताई जा रही है।

इस सत्र में रेखा गुप्ता सरकार तीन अहम कैग रिपोर्ट सदन में पेश करेगी। ये रिपोर्ट पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के कार्यकाल में पुनर्निर्मित बंगले, दिल्ली जल बोर्ड के कामकाज और आम आदमी पार्टी के शासनकाल के दौरान दिल्ली सरकार द्वारा संचालित विश्वविद्यालयों से जुड़ी होंगी। इसके अलावा वायु प्रदूषण की गंभीर समस्या, उसके मूल कारणों और अब तक किए गए उपायों की समीक्षा भी एजेंडे में शामिल है।

विधानसभा सत्र से पहले उपराज्यपाल ने अपने अभिभाषण में सरकार की उपलब्धियों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली में स्वास्थ्य क्षेत्र पर कुल बजट का 13 प्रतिशत खर्च किया जा रहा है। आयुष्मान भारत योजना लागू की जा चुकी है, जिसके तहत अब तक 6 लाख 72 हजार कार्ड जारी किए गए हैं और 188 अस्पतालों को इससे जोड़ा गया है। इस योजना का लाभ अब तक 19 हजार लोग उठा चुके हैं। उन्होंने बताया कि स्कूलों की मनमानी फीस पर रोक लगाने के लिए सरकार विधेयक लेकर आई है। साथ ही 150 एपीजे अब्दुल कलाम प्रयोगशालाएं बनाई जा रही हैं और कक्षा 9 से 12 तक की सभी कक्षाओं को डिजिटल किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सत्र को अहम बताते हुए कहा कि सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों की जिम्मेदारी है कि वे सदन की कार्यवाही को सार्थक बनाएं। उन्होंने कहा कि यह सत्र नीति और डिलीवरी से जुड़ा है, जहां महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। प्रदूषण जैसे गंभीर विषयों पर सरकार ने सभी विधायकों को चर्चा के लिए आमंत्रित किया है, ताकि मिलकर दिल्ली के लिए बेहतर समाधान निकाले जा सकें।

वहीं विपक्ष ने सरकार पर तीखा हमला बोला। दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और आम आदमी पार्टी की नेता आतिशी ने कहा कि पिछले चार महीनों से दिल्ली के लोग गंभीर प्रदूषण से जूझ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर इसका बुरा असर पड़ रहा है और बड़े अस्पताल भी स्थिति को चिंताजनक बता रहे हैं। आतिशी ने सरकार पर AQI मॉनिटरिंग में हेरफेर और GRAP को सही तरीके से लागू न करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि दिल्ली की जनता की आवाज बनने के लिए आम आदमी पार्टी के विधायक मास्क पहनकर विधानसभा पहुंचे हैं। शीतकालीन सत्र के दौरान प्रदूषण, शासन और जवाबदेही जैसे मुद्दों पर सियासी टकराव तेज रहने के संकेत मिल रहे हैं।

Show More

Related Articles

Back to top button
Close
Close